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Aajkal Kaun Rakhta hai

पत्थरों के शहर में कच्चे मकान कौन रखता है.. आजकल हवा के लिए रोशनदान कौन रखता है.. अपने घर की कलह से फुरसत मिले..तो सुने.. आजकल पराई दीवार पर कान कौन रखता है.. जहां, जब, जिसका, जी चाहा थूक दिया.. आजकल हाथों में पीकदान कौन रखता है.. खुद ही पंख लगाकर उड़ा देते हैं चिड़ियों…

Kaam mera Naam tera

नाराज़ ना होना कभी यह सोचकर की काम मेरा और नाम किसी और का हो रहा है । यहा सदियों से जलते तो “घी और रुइ” है, पर लोग कहते है की “दीया” जल रहा है ….

Ashiqui ki Hadd

तुम अपने आप को कितना भी बडा आशिक समझ लो लेकिन सबसे दर्द भरे गानों का कलेक्शन ट्रेक्टर और ट्रक चलाने वालों के पास ही मिलता है

Ladke vs Ladkiya

लडकियाँ 300 की सेँडल खरीद के पूरे घर मे कहती फिरतीं हैँ। शाँपिँग करके आ रही हूँ ।। लडके 1000 की दारु पीकर आते हैं और चुपचाप सो जाते हैं।। “सादा जीवन,उच्च विचार” 😀

Shakira in Yamlok

एक आदमी मरने के बाद यमराज के पास जाता है। वहां देखता है… गांधीजी शकीरा के साथ डांस कर रहे है। आदमी यमराज से पूछता है: गांधीजी की सजा इतनी मस्त क्यों? यमराज: हरामखोर सजा गांधीजी को नहीं शकीरा को मिली है.

Rajasthani Maths Teacher ki Ganit mein Kavita

एक बार एक गणित के अध्यापक से उसकी पत्नी ने गणित मे प्यार के दो शब्द कहने को कहा, पति ने पूरी कविता लिख दी.. म्हारी गुणनखण्ड सी नार, कालजो मत बाल थन समझाऊँ बार हजार, कालजो मत बाल 1. दशमलव सी आँख्या थारी, न्यून कोण सा कान, त्रिभुज जेडो नाक, नाक री नथनी ने…

Newspaper ki Pics aur Ladies

अगर बारिश हो तो बारिश में नहाती युवतियां, अगर गर्मी हो तो धूप में तपती युवतियां, अगर एग्जाम हो तो परीक्षा देती युवतियां, अगर ट्रैफिक हो तो जाम में फंसी युवतियां, अगर मौसम अच्छा हो तो मौसम का लुत्फ उठाती युवतिया साला अखबार वालों को लड़के नजर क्यों नही आते ।। जरा सी बारिश हुई…

Uncle ka Pajamaa

एक बार एक पजामा पहने हुए इंडियन से एक अंग्रेज ने पूछा: आप का यह देशी पैंट (पजामा) कितने दिन चल जाता है..? इंडियन ने जवाब दिया: कुछ ख़ास नहीं, मैं इसे एक साल पहनता हूं। उसके बाद श्रीमति जी इसको काटकर राजू के साइज़ का बना देती है। फिर राजू इसे एक साल पहनता…

Beta sher to Baap savasher

एक पिता ने अपने बेटे को दो-तीन झापड़ रसीद कर दिए, थोड़ी देर बाद प्यार से सॉरी बोल दिया। बेटा: डैड, एक कागज लो, उसे मोड़ो, रोल बनाओ। वापस उस कागज को खोलो और देखो क्या वह पहले जैसा ही कड़क है पिता: नहीं बेटा: सही कहा, रिश्ते भी ऐसे ही होते हैं। सॉरी से…